हमारी सेवाएँ
Helping Hands & Caring Hearts
Changing The Lives Of Teachers Together
RKTSHG शिक्षकों का, शिक्षकों के लिए, शिक्षकों के द्वारा समूह से जुड़े शिक्षकों के असामयिक मृत्यु होने पर उनके परिवार को आर्थिक सहायता देने हेतु बनाया गया है।
RKTSHG का लक्ष्य
यह सुविधा विशेष रूप से शिक्षकों के लिए है क्योंकि वे दुनिया का सबसे महत्वपूर्ण कार्य करते हैं—आने वाली पीढ़ियों को शिक्षित करना—लेकिन दुर्भाग्यवश उन्हें सबसे कम वेतन मिलता है। यदि किसी शिक्षक की असामयिक मृत्यु हो जाती है, तो उनके बच्चों और परिवार की देखभाल करने वाला कोई नहीं होता। न तो सरकार और न ही स्कूल प्रबंधन के पास उनके परिवार की आर्थिक सहायता के लिए कोई ठोस योजना होती है। परिणामस्वरूप, कई परिवार असहाय होकर जीवन यापन के लिए संघर्ष करते हैं। RKTSHG का उद्देश्य दो-दो लाख शिक्षकों की टीम बनाकर देश भर के सभी शिक्षकों को एकजुट करना है। यदि इस टीम का कोई वैध सदस्य असमय मृत्यु को प्राप्त करता है, तो उसके परिवार को आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी। यह पहल यह सुनिश्चित करती है कि किसी भी शिक्षक का परिवार बेसहारा न रहे और उन्हें सम्मान व सुरक्षा मिल सके।
RKTSHG से जुड़ने का मुख्य फायदा
1. अध्यापक की मृत्यु होने पर सदस्यों द्वारा दी गई सहयोग राशि का 100% भाग अर्थात पूरी राशि नॉमिनी के खाते में सीधे-सीधे भुगतान कर दी जाएगी। उदाहरण के तौर पर इस समूह में यदि दो लाख सदस्य हैं और वे कम-से-कम बीस रूपए भी देते हैं तो कम-से-कम (Rs.4000000) चालीस लाख रूपए नॉमिनी के खाते सीधे-सीधे में चली जाएगी |
RKTSHG से जुड़ने के अन्य फायदे
2.शिक्षण-संसाधन प्रदान किया जायेगा| ( लगभग सभी बोर्ड के सभी कक्षाओं के प्रश्नपत्र,कार्यपत्रक,ppt आदि तैयार किया जायेगा | जिससे शिक्षण-संसाधन तैयार करने में लगने वाले अधिक समय के होने वाली पीड़ा को कम करने का यथासंभव प्रयास किया जायेगा | )
3. RKTSHG के website पर सरकारी या प्राइवेट विद्यालयों में खाली पदों का विवरण देने का यथासंभव प्रयास किया जायेगा | जिसे देखकर अपनी योग्यता अनुसार किसी भी विषय के अध्यापक/ कोआर्डीनेटर/ उपप्रधानाचार्य/प्रधानाचार्य आदि पदों के लिए आवेदन कर सकते हैं |
RKTSHG से जुड़ने के आगामी फायदे
4. सदस्यों के उपचार में आर्थिक सहायता
5. भविष्य में जरूत के अनुसार अन्य प्रकार की सुविधा पर भी विचार किया जाएगा |
कैसे और कितना आर्थिक सहयोग मिलेगा ?
किसी शिक्षक की असामयिक मृत्यु की स्थिति में उनके नामित व्यक्ति को 40 लाख रुपये तक की वित्तीय सहायता मिल सकती है, जिससे उनके बच्चों और परिवार को कठिन समय में सहारा मिलेगा और तत्काल जरूरतों को पूरा किया जा सकेगा।
RKTSHG से कौन जुड़ सकता है ?
RKTSHG सभी शिक्षकों के लिए खुला है। सरकारी या निजी शिक्षण संस्थानों/स्कूलों/कॉलेजों/विश्वविद्यालयों में कार्यरत सभी शिक्षक इसमें शामिल हो सकते हैं।
RKTSHG से कैसे जुड़ें ?
RKTSHG से जुड़ने के लिए वेबसाइट https://rktshgindia.org पर जाकर निशुल्क रजिस्ट्रेशन कीजिए | पंजीकरण की अवधि आजीवन होगी।
[ पंजीकरण करने के तुरंत बाद RKTSHG के whatsapp group और टेलीग्राम ग्रुप से अवश्य जुड़ जाए, जिससे समस्त अपडेट और जानकारी आपको वेबसाइट/whatsapp group/टेलीग्राम ग्रुप से मिलती रहेगी |]
पंजीकरण के बाद सदस्य द्वारा किया जाने वाला अनिवार्य कार्य
(1) सुविधा शुल्क मात्र ₹100 प्रति वर्ष है। सुविधा शुल्क हर साल देना होगा। सुविधा शुल्क की रसीद मेल आईडी: suvidha.shulk@gmail.com / raseed@rktshgindia.org पर भेजनी होगी।
(2) किसी पंजीकृत सदस्य की मृत्यु होने पर सभी सदस्यों को एक सहयोग राशि के रूप में कम से कम बीस (₹20) रुपये नॉमिनी के खाते में डालना होगा |
[विशेष नोट - सुविधा शुल्क समूह के खाते में ऑनलाइन लिया जाता है | सुविधा शुल्क से विभिन्न प्रकार की व्यवस्थाएं सदस्यों को दी जाएगी। सुविधा शुल्क न जमा करने पर RKTSHG किसी भी सदस्य को किसी प्रकार की सुविधा /व्यवस्था के लिए बाध्य नहीं होगी| सहयोग करने पर ही सहयोग मिलेगा। नियम और अनुशासन सर्वोपरि है। ]
लॉक-इन पीरियड
1.1) प्रथम सुविधा शुल्क जमा करने के पश्चात 120 दिन का लॉक-इन पीरियड रहेगा अर्थात इस अवधि में कोई आर्थिक सहायता नहीं दी जाएगी। इसके पश्चात कोई लॉक-इन पीरियड नहीं रहेगा, बशर्ते सुविधा शुल्क समय पर जमा किया जाए। विलम्ब से जमा करने पर पुनः 120 दिन का लॉक-इन पीरियड लागू होगा।
1.2) यदि पंजीकरण के समय शिक्षक किसी गम्भीर बीमारी से ग्रसित है तो लॉक-इन पीरियड 18 माह का होगा।
Helpline: सुबह 9 बजे से रात 8 बजे तक इस नम्बर पर काल कर सकते हैं- 9030693077